आज दिनांक 19-10-2015 को माँ दुर्गा का छठा नवरात्र है इस दिन माँ दुर्गा के छठे स्वरुप माँ कात्यायनी की पुजा की जाती है माँ की उत्पत्ति ॠषि कात्यायन के घर में हुई थी तथा दुसरी कथा यह है कि जब असुर महिषासुर धरती पर देवो और मनुष्यों पर अत्याचार कर रहा था तब देवो ने भगवान विष्णु, महेश और ब्रहमा जी के पास जाकर अपने अत्याचार का बताया तो सभी देवताओं को क्रोध आ गया और उनसे एक तेज प्रगट हुआ वह एक नारी के रुप में परवतित हो गया जिससे माँ कात्यायनी का अवतार हुआ है माँ कि अराधना करने से शत्रुओं से मुक्ति मिलती है। माँ के छठे स्वरूप कात्यायनी का ध्यान करना चहिये जो कि यह
देवी देवताओं की कार्य सिद्ध करने के लिये प्रकट हुई थी । इनकी पूजा करने
सभी सुख मिलते हैं ।
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